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बिहार में कोरोना का कहर जारी, पिछले 24 घंटे में 7 और मरीजों की मौत

बिहार। भगीरथ प्रयास न्यूज नेटवर्क। बिहार में कोरोना का संक्रमण काफी तेजी से फैल रहा है. वहीं अब बिहार में कोरोना से मरने वालों का आंकड़ा भी बढ़ता जा रहा है. स्वास्थ्य विभाग की ओर से राज्य में कोरोना से 7 और मरीजों की मौत की पुष्टी की गई है. राज्य में पिछले 24 घंटे के भीतर कोरोना से 7 लोगों की मौत हुई है. इसके साथ ही बिहार में कोरोना से मरने वालों की संख्या बढ़कर 125 हो गई है.स्वास्थ्य विभाग ने रविवार को अपने पहले अपडेट में बिहार में 1266 और कोरोना पॉजिटव मरीज मिलने की पुष्टि की है. इसके साथ ही बिहार में कोरोना मरीजों का आंकड़ा बढ़कर 16305 हो गया है.

बिहार में अब तक कोरोना से 125 लोगों की मौत हुई है. सबसे ज्यादा राजधानी पटना में 15 दरभंगा और भागलपुर में 10 लोगों की मौत हुई है. समस्तीपुर में 7 मरीजों की मौत हुई है. मुजफ्फरपुर, नालंदा, सीवान, पूर्वी चंपारण और रोहतास 6-6 लोगों की मौत हुई है. बेगूसराय और सारण जिले में 5-5 मरीजों की मौत हुई है.इसके आलावा भोजपुर, पश्चिमी चंपारण और वैशाली में 4-4 लोगों ने दम तोड़ा है. गया, खगड़िया, जहानाबाद, नवादा, सीतामढ़ी और में 3-3 लोगों की मौत हुई है. इसके साथ ही अररिया, कैमूर, किशनगंज और मधुबनी में 2-2 मरीजों की जान कोरोना से गई है. वहीं, अरवल, औरंगाबाद, जमुई, कटिहार, मधेपुरा, मुंगेर, सहरसा और शिवहर में 1-1 मरीज की मौत हुई है.

झारखंड के पलामू में मिला मुगलकालीन खजाना, धातु के घड़े में मिले 200 चांदी के सिक्के

पलामू/बिहार। भगीरथ प्रयास न्यूज़ नेटवर्क। पलामू जिला के पांकी  प्रखंड अंतर्गत नवडीहा गांव के भलही में खुदाई के दौरान धातु के घड़े में भरे लगभग 200 चांदी सिक्के मिले हैं। सभी सिक्के मुगलकाल के बताए जा रहे हैं। सूचनानुसार बचन बैठा के खेतों के समतलीकरण के लिए जेसीबी से खुदाई की गई थी। इसी दौरान धातु की गगरी निकलने की बात कही जा रही है। खुदाई मे निकली यह गगरी किसी ठोस धातु की नक्काशीदार है। खुदाई के वक्त किसी को इस बारे मे पता नहीं चल सका। बारिश से धुलने के बाद नवडीहा के जहीर मियां के बैटे सलीम मियां को यह गगरी   हाथ लगी। सलीम इस गगरी को घर लाकर खोलकर देखा तो उसमे चांदी के सिक्के पाए गए। इससे गिनने के लिए वह जमीन पर बिखेर दिया।लगभग 200से अधिक सिक्के थे। भाईयों मे बंटवारे को लेकर विवाद हुआ। और मामला थाना पहुंचा। सलीम मियां ने 102 सिक्कों को पांकी पुलिस को सौंप दिया। शेष बचे सिक्कों को लेकर पुलिस छानबीन कर रही है। विदित हो कि आसपास के खेतों में भी कई बार हल जोतने के क्रम मे चांदी के सिक्के मिले हैं।पाकी प्रखंड के नौडीहा गांव के खेत में मुगलकालीन चांदी का सिक्का मिलने की सूचना मिली है। प्रशासनिक स्तर पर रिपोर्ट तैयार की जा रही है। फिलवक्त मिले चांदी के सिक्के पाकी थाना में रखे गए हैं।

राजनेताओं में बढ़ा कोरोना संक्रमण, JDU के अजय आलोक और बीजेपी MLC सुनील सिंह की रिपोर्ट पॉजिटिव

बिहार। भगीरथ प्रयास न्यूज़ नेटवर्क। बिहार में कोरोना का संक्रमण बढ़ते ही जा रहा है. अब राजनीतिक गलियारे में भी कोरोना की एंट्री बहुत तेजी से हो रहा है. जेडीयू के नेता अजय आलोक के परिवार वाले कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं. इस बात की जानकारी अजय आलोक ने खुद ट्वीट कर दी.   ट्वीट कर अजय आलोक ने बताया कि  उनकी पत्नी, बेटी और बेटा तीनों कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं. उन्होंने खुद को भी कोरोना पॉजिटिव मानते हुए होम क्वॉरेंटाइन में रखने का फैसला किया है. पिछले 5 दिनों से किसी में भी कोरोना के लक्षण नहीं दिखे हैं, लेकिन अगले टेस्ट के बाद ही स्थिति साफ हो पाएगी. डॉ अजय आलोक का घर पटना के बोरिंग रोड इलाके में श्रीकृष्णापुरी मोहल्ले के अंदर है. कोरोना संक्रमण के बारे में अजय आलोक ने जिस तरह खुद जानकारी साझा की है.

डीजी रेल ने की बड़ी कार्रवाई, 6 साल से जमे 349 सिपाहियों का किया ट्रांसफर

बिहार। भगीरथ प्रयास न्यूज़ नेटवर्क। बिहार रेल पुलिस के अंदर बड़ा बदलाव हुआ है. बड़ी करवाई की गई है. एडीजी रेल पंकज कुमार दराद के निर्देश पर एक साथ 349 सिपाहियों का ट्रांसफर कर दिया गया है. ये सभी पिछले 6 साल और उससे भी अधिके समय से एक ही जगह पर जमे हुए थे. पिछले कई दिनों से ऐसे जवानों और महिला सिपाहियों के नाम की लिस्ट तैयार की जा रही थी. रेल पुलिस महकमे से जो जानकारी मिली है, उसके अनुसार पटना में पोस्टेड 112 जवानों और महिला सिपाहियों को ट्रांसफर कटिहार, जमालपुर, मुजफ्फरपुर और एडीजी रेल के पटना ऑफिस में किया गया है. इसी तरह रेल जिला कटिहार में पोस्टेड 144, मुजफ्फरपुर के 67 और जमालपुर में पोस्टेड 26 सिपाहियों को पटना व दूसरे रेल जिला में ट्रांसफर कर भेजा गया है.एडीजी ने सभी रेल एसपी को 1 अगस्त तक ट्रांसफर किये गए सिपाहियों को विरमित कर देने म आदेश दिया है. जबकि सभी सिपाहियों को अपने नए रेल जिले में 15 अगस्त तक हर हाल में ज्वाइन करने का निर्देश दिया है. साथ ही इनकी पोस्टिंग होम डिस्ट्रिक्ट के रेल पुलिस हेडक्वार्टर को छोड़कर करने को कहा गया है. दरअसल, 6 साल से अधिक तक जमे सिपाहियों के ट्रांसफर को लेकर एडीजी रेल पंकज कुमार दराद ने 8 जुलाई को ही क्षेत्रीय पर्षद मीटिंग की थी. उसी मीटिंग में ट्रांसफर का फैसला लिया गया था.

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